Uncategorized

भ्रष्टाचार की दुर्गंध में सांस लेना मुश्किल।

नरसिंहपुर।

नित प्रतिदिन बड़ते भ्रष्टाचार का कारण क्या है? भ्रष्टाचार पनप क्यों रहा है?अगर इसके मुख्य कारण पर विचार करें तो कहीं ना कहीं ये हमारी समाज के प्रति सोच में आ रही गिरावट के कारण है। I सोच एवं नैतिकता में गिरावट आने का मुख्य कारण है जब हम कम समय में सभी कुछ प्राप्त करना चाहते हैं। सफल होने के लिए किसी भी प्रकार का रास्ता अपनाने लगते हैं। तब ना संतोष रहता है और ना ही संघर्ष करने की क्षमता। और इसके अभाव में  समाज में फैलता है अनैतिकता, झूठ, फरेब, चापलूसी आदि और यही सब मूल आधार बन जातें हैं समाज में  भ्रष्टाचार के।

यदि हम सभी दैनिक  खबरों पर अपनी  नजर डालें तो प्रिंट मीडिया हो या इलेक्ट्रौनिक अन्य खबरों के अलावा जो सबसे महत्वपूर्ण खबर होती है वह है भ्रष्टाचार की।

स्वतंत्रता के बाद से अब तक जितना  धन भ्रष्टाचार के समुद्र में समाहित हो चुका हैं अगर सबका आकलन किया जाऐ तो यह अरबों- खरबों में होगा।

यदि इसका सदुपयोग जनता की मौलिक बुनियादी आवश्यकताओं को देखते हुए होता तो वर्तमान में जिस तरह गरीबी, अव्यवस्था असमाजिकता की स्थति देखने को मिल रही है,वह नहीं होती।

Vikram
हां हम बहते हैं धारा के विपरित,लड़ते हैं भ्रष्टाचार की लहरों से। हम उठाते हैं आवाज आपके आस पास हो रहे अन्याय के खिलाफ। WhatsApp no - +919977769843 Any suggestions or comments.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *